शिवसागर में एटीएम कार्ड बदलकर बुजुर्गों को ठगने वाले गिरोह का पर्दाफाश, महिला समेत चार गिरफ्तार : डिमौ पुलिस की बड़ी कामयाबी—शिवसागर शहर के हाबिराम बोरा रोड स्थित चिरिन होम स्टे से दबोचे गए गिरोह के सदस्य : आरोपियों के कब्जे से 34 एटीएम कार्ड, ₹1.54 लाख नकद और AS02-AJ-4795 नंबर की सफेद स्विफ्ट डिजायर कार जब्त
मदद के बहाने बुजुर्गों कोbv बनाते थे निशाना, कार्ड बदलने के बाद कथित तौर पर खातों से निकाल लेते थे रकम : शिमलुगुड़ी, नाजिरा और डिमौ के एटीएम की CCTV फुटेज बनी अहम कड़ी, कुलसुमा बीबी की गिरफ्तारी के बाद पुलिस के जाल में आया पूरा कथित गिरोह

शिवसागर, 12 सितंबर : एटीएम से रुपये निकालने आने वाले बुजुर्गों को कथित तौर पर मदद का भरोसा देकर उनका एटीएम कार्ड बदलने और बाद में खाते से रकम निकालने वाले एक गिरोह के खिलाफ शिवसागर जिले की डिमौ पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने शिवसागर शहर के हाबिराम बोरा रोड इलाके में कार्रवाई करते हुए एक महिला समेत चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के कब्जे से बड़ी संख्या में एटीएम कार्ड, नकदी और एक कार बरामद होने के बाद पुलिस अब गिरोह के पूरे नेटवर्क तथा इससे जुड़ी अन्य संभावित घटनाओं की जांच में जुटी है।

हाबिराम बोरा रोड के चिरिन होम स्टे तक पहुंची पुलिस
यह अभियान डिमौ सह-जिले के पुलिस अधीक्षक हिरेन कुमार डेका के नेतृत्व में चलाया गया। पुलिस के अनुसार जांच में मिले सुरागों के आधार पर शिवसागर शहर के हाबिराम बोरा रोड स्थित चिरिन होम स्टे पर कार्रवाई की गई, जहां से गिरोह से जुड़े आरोपियों को पकड़ा गया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान मोरीगांव जिले के मैराबाड़ी निवासी इजाजुल इस्लाम, बेलुगुड़ी निवासी सफिकुर रहमान, उसी गांव के गियासुद्दीन अली तथा मैराबाड़ी निवासी कुलसुमा बीबी के रूप में हुई है। पुलिस इन सभी से पूछताछ कर उनकी कथित गतिविधियों और संभावित सहयोगियों के संबंध में जानकारी जुटा रही है।
34 एटीएम कार्ड और 1.54 लाख नकद बरामद
पुलिस कार्रवाई के दौरान आरोपियों के कब्जे से 34 एटीएम कार्ड और 1 लाख 54 हजार नकद बरामद किए गए। इसके अलावा गिरोह के पास से AS02-AJ-4795 नंबर की सफेद स्विफ्ट डिजायर कार भी जब्त की गई है।
एक साथ इतनी बड़ी संख्या में एटीएम कार्ड मिलने के बाद पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि बरामद कार्ड किन-किन खाताधारकों के हैं और इनका इस्तेमाल किन घटनाओं में किया गया। बरामद नकदी के स्रोत और जब्त वाहन की कथित गतिविधियों में भूमिका की भी जांच की जा रही है।

मदद के बहाने बुजुर्गों के एटीएम कार्ड बदलने का आरोप
पुलिस जांच में सामने आई जानकारी के अनुसार गिरोह के निशाने पर विशेष रूप से एटीएम से रुपये निकालने आने वाले बुजुर्ग लोग रहते थे। आरोप है कि गिरोह के सदस्य ऐसे लोगों के पास मदद करने के बहाने पहुंचते थे और इसी दौरान बड़ी चालाकी से उनका एटीएम कार्ड बदल देते थे।
इसके बाद बदले गए कार्ड का इस्तेमाल कर कथित तौर पर खातों से रकम निकाल ली जाती थी। पुलिस इस कथित तौर-तरीके से जुड़ी अलग-अलग शिकायतों और घटनाओं को आपस में जोड़कर यह जानने की कोशिश कर रही है कि गिरोह कितने समय से सक्रिय था और अब तक कितने लोगों को निशाना बनाया गया।
शिमलुगुड़ी, नाजिरा और डिमौ की CCTV फुटेज से मिला अहम सुराग
गिरोह तक पहुंचने में विभिन्न एटीएम में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। हाल के दिनों में शिमलुगुड़ी, नाजिरा और डिमौ के कई एटीएम में इसी प्रकार की घटनाएं सामने आने के बाद पुलिस ने जांच तेज कर दी थी।
अलग-अलग घटनाओं से संबंधित सीसीटीवी फुटेज की बारीकी से पड़ताल के दौरान पुलिस को कुछ महत्वपूर्ण सुराग हाथ लगे। इन्हीं सुरागों के आधार पर संदिग्धों की गतिविधियों पर नजर रखी गई और पुलिस की जांच धीरे-धीरे गिरोह तक पहुंची।
कुलसुमा बीबी की गिरफ्तारी बनी पूरे गिरोह तक पहुंचने की अहम कड़ी
जांच के दौरान डिमौ पुलिस ने शुक्रवार तड़के शिमलुगुड़ी जंक्शन रोड स्थित एक एटीएम के सामने से कुलसुमा बीबी को हिरासत में लिया। पुलिस के लिए यह कार्रवाई पूरे कथित गिरोह तक पहुंचने में निर्णायक कड़ी साबित हुई।
कुलसुमा बीबी से मिली जानकारी और जांच में सामने आए अन्य सुरागों के आधार पर पुलिस ने अपनी कार्रवाई आगे बढ़ाई। इसके बाद शिवसागर शहर के हाबिराम बोरा रोड स्थित चिरिन होम स्टे तक पुलिस पहुंची और गिरोह से जुड़े अन्य आरोपियों को भी पकड़ लिया। इस तरह कुलसुमा बीबी के पकड़े जाने के बाद एक-एक कर चार आरोपी पुलिस के जाल में आ गए।
शिवसागर शहर में ठिकाना बनाकर गतिविधियां चलाने का संदेह
पुलिस जांच में सामने आई जानकारी के मुताबिक कुलसुमा बीबी के नेतृत्व में कथित तौर पर सक्रिय यह गिरोह शिवसागर शहर के बीचोंबीच ठिकाना बनाकर अपनी गतिविधियां संचालित कर रहा था। हालांकि गिरोह की गतिविधियों का वास्तविक दायरा कितना बड़ा था और क्या इसके तार शिवसागर जिले से बाहर भी जुड़े हुए हैं, इसे लेकर जांच जारी है।
पुलिस बरामद एटीएम कार्ड, नकदी, वाहन और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की गतिविधियों की पूरी कड़ी जोड़ने का प्रयास कर रही है।
कितने लोग बने शिकार, अब इसकी जांच में जुटी पुलिस
महिला समेत चार आरोपियों की गिरफ्तारी और 34 एटीएम कार्ड, 1.54 लाख नकद तथा कार की बरामदगी को डिमौ पुलिस की महत्वपूर्ण सफलता माना जा रहा है। अब जांच का प्रमुख केंद्र यह पता लगाना है कि कथित गिरोह ने अब तक कितने लोगों को अपना शिकार बनाया और पीड़ितों के खातों से कुल कितनी रकम निकाली गई।
इसके साथ ही पुलिस यह भी जांच रही है कि बरामद एटीएम कार्ड किन लोगों के हैं, विभिन्न घटनाओं में आरोपियों की क्या भूमिका रही और क्या इस नेटवर्क में चार गिरफ्तार आरोपियों के अलावा अन्य लोग भी शामिल हैं। पुलिस उपलब्ध सीसीटीवी फुटेज, बरामद सामग्री और पूछताछ से सामने आने वाली जानकारियों के आधार पर मामले की आगे की जांच कर रही है।
फिलहाल चारों आरोपियों पर लगे आरोप जांच के दायरे में हैं और उनकी अंतिम पुष्टि पुलिस जांच तथा न्यायिक प्रक्रिया के अधीन होगी।




