सेवा और श्रद्धा का अनुपम संगम : मारवाड़ी सम्मेलन, होजाई महिला शाखा ने भगवान जगन्नाथ की शोभायात्रा में श्रद्धालुओं को कराया शीतल पेय एवं जूस का वितरण : इस्कॉन मंदिर की शोभायात्रा के दौरान हजारों भक्तों की सेवा में जुटीं महिला शाखा की सदस्याएं, श्रद्धालुओं ने की मुक्तकंठ से सराहना

होजाई, 17 जुलाई : अखिल भारतीय मारवाड़ी सम्मेलन, होजाई महिला शाखा ने भगवान जगन्नाथ जी की पावन शोभायात्रा के अवसर पर सेवा एवं श्रद्धा का प्रेरक उदाहरण प्रस्तुत करते हुए हजारों श्रद्धालुओं के लिए शीतल पेय एवं जूस वितरण का आयोजन किया।
यह सेवा कार्यक्रम स्थानीय इस्कॉन मंदिर द्वारा आयोजित भगवान जगन्नाथ की भव्य शोभायात्रा के दौरान किया गया। जैसे ही शोभायात्रा भीमसरिया रोड से होकर गुजरी, महिला शाखा की सदस्याओं ने श्रद्धालुओं का स्वागत करते हुए उन्हें शीतल पेय एवं जूस वितरित किए। गर्म मौसम के बीच इस सेवा कार्य से बड़ी संख्या में भक्तों को राहत मिली और उन्होंने संस्था की इस पहल की खुले दिल से सराहना की।

महिला शाखा की सदस्याओं ने निभाई सक्रिय भूमिका
सेवा कार्य में महिला शाखा की अनेक सदस्याओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। इनमें सरिता सरावगी, मंजू भीमसरिया, राधा सरावगी, ईशु भीमसरिया, अनिता सरावगी, रितु सरावगी, नीतू मोर, पिंकी सरावगी, कविता सरावगी, योगिता सरावगी, नीमा भीमसरिया, रेखा भीमसरिया, ललिता भीमसरिया, खुशबू भीमसरिया, प्राची सरावगी तथा किशिका सरावगी सहित अन्य सदस्याएं उपस्थित रहीं।
सभी सदस्याओं ने पूरे उत्साह और समर्पण के साथ श्रद्धालुओं की सेवा करते हुए कार्यक्रम को सफल बनाया।
भक्तों ने की सेवा भावना की सराहना
शोभायात्रा में शामिल श्रद्धालुओं ने मारवाड़ी सम्मेलन, होजाई महिला शाखा द्वारा किए गए इस सेवा कार्य की भूरि-भूरि प्रशंसा की। श्रद्धालुओं ने कहा कि धार्मिक आयोजनों में इस प्रकार की सेवा भारतीय संस्कृति की परंपरा को मजबूत करने के साथ-साथ समाज में सहयोग और मानवीय संवेदनाओं का संदेश भी देती है।
कार्यक्रम की सफलता में आशीष सरावगी का विशेष सहयोग
आयोजकों के अनुसार इस सेवा अभियान को सफल बनाने में आशीष सरावगी का विशेष सहयोग रहा। महिला शाखा ने उनके योगदान के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि समाज सेवा और धार्मिक आयोजनों में सभी के सामूहिक सहयोग से ही ऐसे कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न हो पाते हैं।
मारवाड़ी सम्मेलन, होजाई महिला शाखा ने भविष्य में भी धार्मिक एवं सामाजिक अवसरों पर इसी प्रकार सेवा कार्यों के माध्यम से समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन करने का संकल्प दोहराया।




