आत्मनिर्भर असम के सपने को नई उड़ान : शिवसागर में ‘मुख्यमंत्री आत्मनिर्भर असम अभियान 2.0’ के तहत उद्यमिता विकास प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ : शिवसागर कॉमर्स कॉलेज बना नए उद्यमियों को तैयार करने का प्रमुख प्रशिक्षण केंद्र; युवाओं को स्वरोजगार और व्यवसाय की नई दिशा देने की पहल
वर्ष 2024 में प्रशिक्षित करीब 700 लाभार्थी आज विभिन्न क्षेत्रों में आगे बढ़ रहे; इस वर्ष पशुपालन क्षेत्र के 650 चयनित लाभार्थियों को मिल रहा विशेष प्रशिक्षण

शिवसागर, 7 जुलाई : असम को आर्थिक रूप से मजबूत बनाने, युवाओं को स्वरोजगार से जोड़ने और स्थानीय स्तर पर सफल उद्यमियों की नई पीढ़ी तैयार करने के उद्देश्य से असम सरकार की महत्वपूर्ण योजना ‘मुख्यमंत्री आत्मनिर्भर असम अभियान 2.0’ के तहत शिवसागर में प्रथम चरण के उद्यमिता विकास प्रशिक्षण कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ किया गया।
जिला प्रशासन के निर्देशानुसार इस महत्वपूर्ण प्रशिक्षण कार्यक्रम के आयोजन के लिए शिवसागर कॉमर्स कॉलेज को मुख्य शिक्षण संस्थान के रूप में चयनित किया गया है। कॉलेज परिसर में आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं और लाभार्थियों में व्यवसायिक सोच विकसित करना, छोटे उद्यमियों की क्षमता बढ़ाना तथा उन्हें आत्मनिर्भर बनने के लिए आवश्यक कौशल प्रदान करना है।

शिवसागर कॉमर्स कॉलेज में हुआ प्रशिक्षण कार्यक्रम का उद्घाटन
आज सुबह 10 बजे शिवसागर कॉमर्स कॉलेज के प्रेक्षागृह में आयोजित उद्घाटन समारोह में जिले के वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारियों, शिक्षाविदों और गणमान्य लोगों ने हिस्सा लिया।
कार्यक्रम का संचालन अध्यापक डॉ. कोरांग बोरगोहांई ने किया, जबकि समारोह की अध्यक्षता शिवसागर कॉमर्स कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. सौमार ज्योति महंत ने की।
इस अवसर पर शिवसागर जिला आयुक्त मृदुल यादव, जिला विकास आयुक्त (DDC) पवित्र कुमार दास, जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) सतीश चंद्र ठाकुरिया, जिला उद्योग एवं वाणिज्य केंद्र के महाप्रबंधक मृणाल दास, जिला उद्योग एवं वाणिज्य केंद्र के सहायक निदेशक उदय ज्योति बोरा, समाजसेवी बितुपन रायडोंगिया सहित कई विशिष्ट व्यक्ति उपस्थित रहे।

युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने पर जोर
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उपस्थित अतिथियों ने कहा कि वर्तमान समय में युवाओं को केवल रोजगार खोजने तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि अपने कौशल, क्षमता और स्थानीय संसाधनों के माध्यम से रोजगार सृजनकर्ता बनने की दिशा में आगे बढ़ना चाहिए।
वक्ताओं ने कहा कि मुख्यमंत्री आत्मनिर्भर असम अभियान 2.0 युवाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने और राज्य में उद्यमिता संस्कृति विकसित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।

जिला आयुक्त मृदुल यादव बोले— आत्मनिर्भर सोच विकसित करना अभियान का मुख्य उद्देश्य
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए शिवसागर जिला आयुक्त मृदुल यादव ने कहा कि मुख्यमंत्री आत्मनिर्भर असम अभियान का उद्देश्य केवल आर्थिक सहायता प्रदान करना नहीं है, बल्कि युवाओं के भीतर उद्यमिता की भावना और आत्मनिर्भर सोच विकसित करना है।
उन्होंने कहा कि आज के समय में युवाओं को अपनी प्रतिभा और प्रशिक्षण का उपयोग कर नए व्यवसाय स्थापित करने चाहिए। इससे वे न केवल स्वयं आत्मनिर्भर बनेंगे, बल्कि अन्य लोगों के लिए भी रोजगार के अवसर पैदा कर सकेंगे।
जिला आयुक्त ने लाभार्थियों से सरकार द्वारा उपलब्ध कराए जा रहे अवसरों और प्रशिक्षण का पूरा लाभ उठाने का आह्वान किया।

शिक्षा के साथ उद्यमिता कौशल जरूरी : डॉ. सौमार ज्योति महंत
शिवसागर कॉमर्स कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. सौमार ज्योति महंत ने अपने संबोधन में कहा कि आधुनिक समय में केवल शैक्षणिक योग्यता पर्याप्त नहीं है, बल्कि व्यावहारिक ज्ञान, आर्थिक समझ और उद्यमिता कौशल भी बेहद आवश्यक हैं।
उन्होंने कहा कि इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रम युवाओं में आत्मविश्वास बढ़ाते हैं और उन्हें सफल उद्यमी बनने के लिए सही दिशा प्रदान करते हैं।

9 जुलाई 2026 तक चलेगा प्रथम चरण का प्रशिक्षण कार्यक्रम
सरकारी दिशा-निर्देशों के अनुसार, प्रथम चरण का यह प्रशिक्षण कार्यक्रम 9 जुलाई 2026 तक जारी रहेगा।
इस चरण में पशुपालन क्षेत्र से जुड़े कुल 650 चयनित लाभार्थी प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं। प्रशिक्षण अवधि के दौरान विभिन्न क्षेत्रों के अनुभवी विशेषज्ञ लाभार्थियों को व्यवसाय संचालन, उद्योग स्थापना और उद्यम प्रबंधन से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां प्रदान कर रहे हैं।

व्यवसाय योजना से लेकर बाजार प्रबंधन तक मिलेगा मार्गदर्शन
प्रशिक्षण कार्यक्रम में लाभार्थियों को छोटे उद्योग स्थापित करने की प्रक्रिया, व्यवसाय योजना तैयार करने, पूंजी प्रबंधन, वित्तीय अनुशासन, बाजार की मांग समझने और उत्पादों को ग्राहकों तक पहुंचाने की रणनीतियों के बारे में विस्तार से जानकारी दी जा रही है।
इसके साथ ही उन्हें सरकारी योजनाओं और उपलब्ध संसाधनों का सही उपयोग कर छोटे व्यवसाय को सफल उद्यम में बदलने के तरीके भी बताए जा रहे हैं।

2024 में 700 लाभार्थियों ने लिया था प्रशिक्षण
कार्यक्रम के दौरान जानकारी दी गई कि इससे पहले वर्ष 2024 में भी शिवसागर कॉमर्स कॉलेज में मुख्यमंत्री आत्मनिर्भर असम अभियान के तहत उद्यमिता विकास प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया था।
उस दौरान करीब 700 प्रशिक्षार्थियों ने प्रशिक्षण प्राप्त किया था, जिनमें से कई लाभार्थी आज विभिन्न क्षेत्रों में अपने व्यवसाय और रोजगार से जुड़े कार्यों को सफलतापूर्वक आगे बढ़ा रहे हैं।
पिछले वर्ष की सफलता को देखते हुए इस बार भी युवाओं में इस अभियान को लेकर खासा उत्साह देखा जा रहा है।

स्वरोजगार की दिशा में नई शुरुआत की उम्मीद
जिला प्रशासन और जिला उद्योग एवं वाणिज्य केंद्र के सहयोग से आयोजित यह प्रशिक्षण कार्यक्रम शिवसागर जिले में स्वरोजगार और उद्यमिता विकास की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
आयोजकों ने उम्मीद जताई कि इस प्रशिक्षण से तैयार होने वाले युवा आने वाले समय में न केवल स्वयं आत्मनिर्भर बनेंगे, बल्कि ‘आत्मनिर्भर असम’ के लक्ष्य को पूरा करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।




