
शिवसागर, असम: असम विधानसभा चुनाव 2026 के एग्जिट पोल्स के ऐलान से ठीक पहले बुधवार शाम रायजोर दल के अध्यक्ष और शिवसागर सीट से विधायक अखिल गोगोई ने एक वीडियो बयान जारी कर विपक्षी गठबंधन की जीत का भरोसा जताया। उन्होंने एग्जिट पोल्स को पूरी तरह गैर-वैज्ञानिक करार दिया और ईवीएम स्ट्रॉन्ग रूम की सुरक्षा की अपील की। गोगोई ने दावा किया कि अगर ईवीएम में छेड़छाड़ नहीं हुई तो विपक्ष निश्चित रूप से सरकार बनाएगा। 29 अप्रैल की शाम फेसबुक लाइव के जरिए जारी अपने वीडियो संदेश में अखिल गोगोई ने कहा कि एग्जिट पोल्स महज 5-6 हजार वोटरों के छोटे सैंपल पर आधारित होते हैं, जो कुछ चुनिंदा बूथों से लिए जाते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि लोग सरकार के खिलाफ खुलकर बोलने से डरते हैं, इसलिए एग्जिट पोल्स में सत्ताधारी पार्टी बीजेपी को फायदा मिलता दिखता है। ये पूरी तरह अनैतिक और गैर-वैज्ञानिक हैं। गोगोई ने 2016 के चुनाव का हवाला देते हुए कहा कि उस समय भी एग्जिट पोल्स में सत्ताधारी पार्टी की जीत दिखाई गई थी, लेकिन नतीजे अलग आए। उन्होंने जोर देकर कहा कि 2026 में असम की हवा बदल चुकी है। लोग बदलाव चाहते हैं। बीजेपी सरकार के अत्याचार और दमन के खिलाफ जनता ने वोट दिया है। अखिल गोगोई ने बीजेपी पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि सत्ताधारी पार्टी ने गुजरात, हरियाणा, मध्य प्रदेश और दिल्ली से विशेषज्ञ बुलाए हैं ताकि स्ट्रॉन्ग रूम में रखी ईवीएम मशीनों में छेड़छाड़ की जा सके। उन्होंने विपक्षी कार्यकर्ताओं से अपील की कि स्ट्रॉन्ग रूम की कड़ी निगरानी रखें। अगर ईवीएम छेड़छाड़ नहीं हुई तो विपक्ष निश्चित रूप से सत्ता में आएगा। उन्होंने आगे कहा कि रायजोर दल और मैं पूर्ण विश्वास के साथ कह सकते हैं कि 2026 के चुनाव में असम की जनता बदलाव के लिए वोट देगी और बीजेपी सरकार को हटाएगी। इस बार विपक्षी गठबंधन असम में सरकार बनाएगा।

असम विधानसभा के 126 सीटों के लिए 9 अप्रैल 2026 को एक चरण में मतदान हुआ था। मतगणना 4 मई को होगी। एग्जिट पोल्स आज शाम 6:30 बजे के बाद जारी होने वाले हैं। अखिल गोगोई शिवसागर सीट से चुनाव लड़ रहे हैं, जहां उनका मुकाबला बीजेपी के कुशल दुवरी और एजीपी के प्रदीप हजारिका से है। 2021 में उन्होंने इस सीट पर भारी अंतर से जीत हासिल की थी। रायजोर दल कांग्रेस-नीत विपक्षी गठबंधन का हिस्सा है। गोगोई लंबे समय से बीजेपी सरकार के खिलाफ मुखर रहे हैं और सीएए विरोधी आंदोलन में उनकी भूमिका चर्चित रही है। उन्होंने पहले दावा किया था कि वे शिवसागर से 50,000 वोटों से जीतेंगे। अखिल गोगोई के बयान को सोशल मीडिया पर तेजी से शेयर किया जा रहा है। सोशल मीडिया यूजर्स ने इसे विपक्ष की जीत का भरोसा बताते हुए चर्चा शुरू कर दी है। एक पोस्ट में लिखा गया है कि “एग्जिट पोल्स चाहे कुछ भी कहें, 2026 की हवा विपक्ष की है। स्ट्रॉन्ग रूम सुरक्षित रखें।”
बीजेपी की ओर से अभी कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है, लेकिन मुख्यमंत्री डॉ. हिमंत विश्व शर्मा पहले ही बीजेपी की तीसरी बार सत्ता में वापसी का भरोसा जता चुके हैं। राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार अखिल गोगोई का यह बयान एग्जिट पोल्स आने से पहले विपक्षी कार्यकर्ताओं का मनोबल बढ़ाने और ईवीएम सुरक्षा पर दबाव बनाने की रणनीति लगता है। असम में ईवीएम छेड़छाड़ के आरोप पुराने हैं, लेकिन चुनाव आयोग इनका खंडन करता रहा है। गोगोई का बयान 4 मई के नतीजों से पहले विपक्ष को तैयार रखने का प्रयास भी माना जा रहा है। असम चुनाव 2026 पूरे देश की नजर में है। क्योंकि बीजेपी तीसरी बार सत्ता बरकरार रखना चाहती है, जबकि कांग्रेस-रायजोर दल गठबंधन सत्ता वापसी की कोशिश कर रहा है।
एग्जिट पोल्स के बाद माहौल और गर्म होने वाला है, लेकिन अखिल गोगोई जैसे विपक्षी पार्टियों के नेताओं के बयान साफ संकेत देते हैं कि विपक्ष हार मानने को तैयार नहीं है। एग्जिट पोल्स बुधवार देर शाम को जारी होंगे। 4 मई को असली फैसला होगा। जनता की राय ही अंतिम होगी।




