नीट यूजी 2026 परीक्षा को लेकर शिवसागर में धारा 163 लागू : परीक्षा केंद्रों के 100 मीटर दायरे में अभिभावकों और अनधिकृत व्यक्तियों के प्रवेश पर रोक : निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण परीक्षा संचालन के लिए जिला प्रशासन की सख्ती : नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ होगी कानूनी कार्रवाई

शिवसागर, 17 जून : आगामी नीट यूजी 2026 (NEET-UG 2026) परीक्षा के शांतिपूर्ण, निष्पक्ष एवं सुचारु संचालन को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से शिवसागर जिला प्रशासन ने कड़े सुरक्षा एवं नियंत्रण संबंधी निर्देश जारी किए हैं। जिला दंडाधिकारी मृदुल यादव ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS), 2023 की धारा 163 के तहत प्रतिबंधात्मक आदेश लागू करते हुए परीक्षा केंद्रों के आसपास विशेष सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
जिला प्रशासन द्वारा जारी आदेश के अनुसार परीक्षा के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने, अनधिकृत गतिविधियों पर रोक लगाने तथा परीक्षार्थियों को शांत एवं सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराने के लिए यह कदम उठाया गया है।

तीन परीक्षा केंद्रों पर लागू रहेंगे विशेष प्रतिबंध
जारी आदेश के अनुसार 21 जून, रविवार को आयोजित होने वाली नीट यूजी परीक्षा के दौरान जिले के तीन परीक्षा केंद्रों पर विशेष प्रतिबंध लागू रहेंगे। इनमें—
– शिवसागर गर्ल्स कॉलेज, शिवसागर
– केंद्रीय विद्यालय, ओएनजीसी कॉलोनी, शिवसागर
– केंद्रीय विद्यालय, ओएनजीसी कॉलोनी, नाजिरा
शामिल हैं।
इन परीक्षा केंद्रों के आसपास सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने तथा किसी भी प्रकार की अव्यवस्था को रोकने के लिए प्रशासन ने विशेष निगरानी व्यवस्था लागू करने का निर्णय लिया है।
100 मीटर के दायरे में रहेगा प्रवेश प्रतिबंध
जिला प्रशासन के आदेश के अनुसार परीक्षा केंद्रों के 100 मीटर के दायरे में किसी भी अनधिकृत व्यक्ति के प्रवेश और आवागमन पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा।
केवल वे परीक्षार्थी जिन्हें परीक्षा में शामिल होना है और जिनके पास वैध एडमिट कार्ड तथा फोटो पहचान पत्र होगा, उन्हें ही प्रतिबंधित क्षेत्र में प्रवेश की अनुमति दी जाएगी।
प्रशासन का कहना है कि परीक्षा केंद्रों के बाहर अनावश्यक भीड़, शोर-शराबा तथा अन्य व्यवधानों को रोकने के लिए यह व्यवस्था लागू की गई है।
अभिभावकों और परिजनों के लिए भी जारी किए गए निर्देश
जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि परीक्षा केंद्रों के आसपास अभिभावकों, परिजनों तथा अन्य व्यक्तियों की भीड़ को नियंत्रित करने के लिए यह आदेश जारी किया गया है।
अक्सर बड़ी परीक्षाओं के दौरान परीक्षा केंद्रों के बाहर बड़ी संख्या में अभिभावकों की भीड़ एकत्र हो जाती है, जिससे यातायात, सुरक्षा व्यवस्था तथा परीक्षा संचालन प्रभावित होने की संभावना रहती है। इसे ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने अभिभावकों से भी सहयोग की अपील की है।
परीक्षा केंद्रों के भीतर प्रतिबंधित रहेंगे इलेक्ट्रॉनिक उपकरण
प्रशासन ने परीक्षार्थियों के लिए भी कड़े दिशा-निर्देश जारी किए हैं।
आदेश के अनुसार परीक्षा केंद्रों के भीतर निम्नलिखित वस्तुएं ले जाने पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा—
– पुस्तकें एवं अध्ययन सामग्री
– कैलकुलेटर
– मोबाइल फोन
– स्मार्ट वॉच
– ब्लूटूथ एवं अन्य इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स
– स्मार्ट कार की चाबियां
– संचार उपकरण
– अन्य प्रतिबंधित सामग्री
प्रशासन ने कहा है कि परीक्षा की पारदर्शिता और निष्पक्षता बनाए रखने के लिए इन नियमों का कड़ाई से पालन कराया जाएगा।
कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए उठाया गया कदम
जिला दंडाधिकारी मृदुल यादव ने कहा कि परीक्षा के दौरान किसी भी प्रकार की अव्यवस्था, उपद्रव, भीड़भाड़ या असामाजिक गतिविधि को रोकने के उद्देश्य से यह प्रतिबंधात्मक आदेश जारी किया गया है।
प्रशासन का मानना है कि प्रतियोगी परीक्षाओं की निष्पक्षता बनाए रखने के लिए परीक्षा केंद्रों के आसपास नियंत्रित और सुरक्षित वातावरण अत्यंत आवश्यक है।
तत्काल प्रभाव से लागू हुआ आदेश
जिला प्रशासन द्वारा जारी आदेश को तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है। आदेश में स्पष्ट किया गया है कि इसकी आपात प्रकृति को देखते हुए इसे एकपक्षीय (Ex-Parte) रूप से जारी किया गया है।
प्रशासन ने कहा है कि परीक्षा के दौरान सभी संबंधित विभागों, पुलिस अधिकारियों और सुरक्षा कर्मियों को आदेश का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
उल्लंघन करने वालों पर होगी कानूनी कार्रवाई
जिला प्रशासन ने चेतावनी दी है कि आदेश का उल्लंघन करने वाले किसी भी व्यक्ति के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 223 के तहत कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि परीक्षा की गरिमा एवं सुरक्षा से किसी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा और नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी।
प्रशासन ने अभिभावकों और परीक्षार्थियों से मांगा सहयोग
जिला प्रशासन ने सभी परीक्षार्थियों, अभिभावकों एवं आम नागरिकों से अपील की है कि वे जारी दिशा-निर्देशों का पूर्णतः पालन करें तथा परीक्षा केंद्रों के आसपास अनावश्यक भीड़ न लगाएं।
प्रशासन का कहना है कि सभी के सहयोग से ही परीक्षा को शांतिपूर्ण, सुरक्षित और पारदर्शी वातावरण में सफलतापूर्वक संपन्न कराया जा सकेगा।
निष्पक्ष परीक्षा संचालन पर विशेष जोर
नीट यूजी देश की सबसे महत्वपूर्ण प्रतियोगी परीक्षाओं में से एक मानी जाती है, जिसके माध्यम से मेडिकल एवं डेंटल पाठ्यक्रमों में प्रवेश दिया जाता है। ऐसे में परीक्षा की विश्वसनीयता, निष्पक्षता और सुरक्षा सुनिश्चित करना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है।
शिवसागर जिला प्रशासन द्वारा जारी यह आदेश इसी दिशा में उठाया गया एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है, जिससे परीक्षा के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने और परीक्षार्थियों को बेहतर वातावरण उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।




