1 जुलाई से बदल जाएंगे पासपोर्ट के नियम: नए आवेदन, तत्काल सेवा और अन्य सुविधाओं की बढ़ेंगी फीस : विदेश मंत्रालय ने जारी की अधिसूचना : ‘पासपोर्ट (संशोधन) नियम, 2026’ होंगे लागू : वरिष्ठ नागरिकों और 8 वर्ष तक के बच्चों को नए पासपोर्ट आवेदन पर मिलेगा 10% शुल्क में लाभ

न्यूज डेस्क, 25 जून : विदेश यात्रा की योजना बना रहे लोगों के लिए एक महत्वपूर्ण खबर है। भारत सरकार के विदेश मंत्रालय (Ministry of External Affairs) ने ‘पासपोर्ट (संशोधन) नियम, 2026’ की अधिसूचना जारी करते हुए 1 जुलाई 2026 से पासपोर्ट सेवाओं के लिए संशोधित शुल्क लागू करने का निर्णय लिया है। नए नियमों के तहत सामान्य पासपोर्ट, तत्काल (Tatkaal) सेवा, खोए या क्षतिग्रस्त पासपोर्ट के पुनः निर्गमन तथा अन्य पासपोर्ट संबंधी सेवाओं के शुल्क में संशोधन किया गया है।
यह संशोधन पासपोर्ट अधिनियम, 1967 के प्रावधानों के तहत किया गया है तथा इसकी अधिसूचना 20 जून 2026 को भारत के राजपत्र (Gazette of India) में प्रकाशित की गई।
सामान्य और तत्काल पासपोर्ट आवेदन होंगे महंगे
नई शुल्क संरचना के अनुसार 18 वर्ष या उससे अधिक आयु के आवेदकों के लिए —
– 36 पृष्ठों वाला सामान्य पासपोर्ट (नया या पुनः जारी) – ₹2,500
– 36 पृष्ठों वाला तत्काल पासपोर्ट – ₹5,000
– 60 पृष्ठों वाला सामान्य पासपोर्ट – ₹3,500
– 60 पृष्ठों वाला तत्काल पासपोर्ट – ₹6,000
यह संशोधित शुल्क 1 जुलाई 2026 से सभी नए आवेदनों पर लागू होगा।
खोए या क्षतिग्रस्त पासपोर्ट पर भी बढ़ा शुल्क
यदि किसी व्यक्ति का पासपोर्ट खो जाता है या क्षतिग्रस्त हो जाता है, तो उसके पुनः निर्गमन (Re-issue) के लिए भी संशोधित शुल्क निर्धारित किया गया है—
– 36 पृष्ठों वाला पासपोर्ट – सामान्य शुल्क ₹5,000, तत्काल शुल्क ₹7,500
– 60 पृष्ठों वाला पासपोर्ट – सामान्य शुल्क ₹6,000, तत्काल शुल्क ₹8,500
नाबालिगों के लिए अलग शुल्क संरचना
18 वर्ष से कम आयु के बच्चों के लिए 36 पृष्ठों वाले सामान्य पासपोर्ट का शुल्क ₹1,750 निर्धारित किया गया है, जबकि खोए या क्षतिग्रस्त पासपोर्ट के पुनः निर्गमन के लिए ₹4,250 शुल्क देना होगा। तत्काल सेवा के लिए भी अलग शुल्क निर्धारित किया गया है।
वरिष्ठ नागरिकों और छोटे बच्चों को मिलेगी राहत
नई अधिसूचना में एक महत्वपूर्ण राहत का भी प्रावधान किया गया है। 8 वर्ष तक के बच्चों तथा 60 वर्ष से अधिक आयु के वरिष्ठ नागरिकों को नए (Fresh) पासपोर्ट आवेदन पर 10 प्रतिशत शुल्क की छूट मिलेगी। हालांकि यह छूट केवल नए पासपोर्ट आवेदन पर लागू होगी, पुनः जारी (Re-issue) होने वाले पासपोर्ट पर नहीं।
अन्य सेवाओं के शुल्क भी निर्धारित
विदेश मंत्रालय ने अन्य पासपोर्ट संबंधी सेवाओं के लिए भी संशोधित शुल्क अधिसूचित किए हैं —
– पुलिस क्लियरेंस सर्टिफिकेट (PCC), सरेंडर सर्टिफिकेट तथा अन्य प्रमाणपत्र – ₹750
– Certificate of Identity – ₹1,000
– Emergency Certificate – विदेश में 15 अमेरिकी डॉलर निर्धारित।
पूरी आवेदन प्रक्रिया रहेगी ऑनलाइन
पासपोर्ट आवेदन की प्रक्रिया पहले की तरह पूरी तरह ऑनलाइन रहेगी। आवेदकों को सबसे पहले पासपोर्ट सेवा पोर्टल पर पंजीकरण करना होगा। इसके बाद ऑनलाइन आवेदन पत्र भरना, आवश्यक दस्तावेज अपलोड करना, निर्धारित शुल्क का ऑनलाइन भुगतान करना तथा पासपोर्ट सेवा केंद्र (PSK) या डाकघर पासपोर्ट सेवा केंद्र (POPSK) में ऑनलाइन अपॉइंटमेंट बुक करना होगा। निर्धारित तिथि पर दस्तावेज सत्यापन और बायोमेट्रिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद पुलिस सत्यापन एवं अन्य औपचारिकताओं के पश्चात पासपोर्ट जारी किया जाएगा।
क्यों किया गया शुल्क संशोधन ?
विदेश मंत्रालय के अनुसार संशोधित शुल्क संरचना का उद्देश्य वर्तमान प्रशासनिक लागत, तकनीकी उन्नयन, सेवा गुणवत्ता में सुधार तथा पासपोर्ट सेवाओं को अधिक प्रभावी एवं आधुनिक बनाना है। नई शुल्क व्यवस्था के माध्यम से डिजिटल सेवाओं को और मजबूत करने तथा समयबद्ध पासपोर्ट वितरण प्रणाली को बेहतर बनाने पर भी जोर दिया गया है।
1 जुलाई से लागू होंगे नए नियम
विदेश मंत्रालय द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार 1 जुलाई 2026 से संशोधित शुल्क पूरे देश में प्रभावी हो जाएंगे। ऐसे में जिन नागरिकों ने अभी तक पासपोर्ट के लिए आवेदन नहीं किया है और वे वर्तमान शुल्क का लाभ लेना चाहते हैं, उन्हें 30 जून 2026 तक आवेदन प्रक्रिया पूरी करनी होगी। इसके बाद सभी नए आवेदन संशोधित शुल्क के अनुसार स्वीकार किए जाएंगे।
नई शुल्क व्यवस्था विदेश यात्रा, शिक्षा, रोजगार, व्यवसाय और पर्यटन के उद्देश्य से पासपोर्ट बनवाने वाले लाखों भारतीय नागरिकों को प्रभावित करेगी, इसलिए आवेदन करने से पहले संशोधित शुल्क और पात्रता संबंधी सभी नियमों की जानकारी लेना आवश्यक होगा।




