चराईदेव जिले के मथुरापुर के प्राइमरी स्कूल में शिक्षक की क्रूरता का भयानक मामला : छात्र को पहली मंजिल से फेंकने का प्रयास और दो छात्राओं को बेरहमी से पीटने के दो वायरल वीडियो से फैली सनसनी : आरोपी शिक्षक गिरफ्तार
सीसीटीवी में कैद रौंगटे खड़े कर देने वाली दोनों घटनाएं : आटसा ने कठोर कार्रवाई करने की मांग में जिला आयुक्त को ज्ञापन दिया

शिवसागर 14 मई : असम के चराईदेव जिले के पीएम श्री मथुरापुर बागान प्राइमरी स्कूल में एक शिक्षक द्वारा नाबालिग छात्र-छात्राओं के साथ अमानवीय और हिंसक व्यवहार का हैरतअंगेज मामला सामने आया है। आरोपी सहायक शिक्षक आरिफुल इस्लाम ने न केवल बच्चों को लात-घूंसे मारे, बल्कि एक छात्र को पहली मंजिल की खिड़की से नीचे फेंकने का भी प्रयास किया। स्कूल के सीसीटीवी कैमरे में यह पूरा भयानक घटनाक्रम दर्ज हो गया है, जिसे देखकर अभिभावक और स्थानीय लोग सदमे में हैं।
सीसीटीवी फुटेज में दर्ज क्रूर दृश्य
आरोपी सहायक शिक्षक आरिफुल इस्लाम की क्रूरता के सीसीटीवी कैमरे में कैद हुए दो अलग अलग दिन के वीडियो फुटेज सामने आए हैं। पहला वीडियो 6 मई को 11:07:55 से 11:08.15 बजे के बीच का है। जिसमें आरोपी शिक्षक आरिफुल इस्लाम कक्षा में पढ़ाई के दौरान अचानक आक्रामक हो जाते हैं। इस लगभग 20 सेकेंड के सीसीटीवी फुटेज में आरोपी शिक्षक आरिफुल इस्लाम एक छात्रा को बेरहमी से पीटते हुए साफ-साफ दिख रहा है।
वहीं दूसरा वीडियो फुटेज में सबसे डरावना पल कैद है जिसमें शिक्षक ने एक छात्र को खिड़की के पास खींचकर बाहर झुकाया और नीचे फेंकने की कोशिश की। यह घटना बीते 27 अप्रैल को सुबह 10:36:49 से 10:38:34 बजे के बीच का है। जिसमें वही सहायक शिक्षक आरिफुल इस्लाम स्कूल की पहली मंजिल के एक क्लासरूम अपनी कुर्सी पर बैठे मोबाइल फोन चला रहा है और फिर अचानक ही अपनी कुर्सी से उठकर पहली बैंच पर बैठे एक छात्र को गोद में उठाकर पहले क्लासरूम की खिड़की से नीचे फेंकने का प्रयास करता है। फिर उसे बेरहमी से पीटता है। फिर पहली बैंच पर ही बैठी एक छात्रा को भी छड़ी से बेरहमी से पीटता है। इस 1.45 मिनट का वीडियो फुटेज में यह पूरी घटना साफ-साफ दिख रही है। इस दौरान कक्षा में मौजूद अन्य बच्चे डर के मारे कांपने लगे। बच्चे की जान तो बाल-बाल बची, लेकिन घटना ने पूरे इलाके में आग की तरह फैलते आक्रोश को जन्म दे दिया है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि फुटेज देखने के बाद किसी का भी दिल दहल जाता है। एक अभिभावक ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि स्कूल बच्चे की सुरक्षा का स्थान होना चाहिए, लेकिन यहां शिक्षक ही बच्चे की जान लेने पर आमादा था। यह बेहद शर्मनाक और चिंताजनक है।
जिला शिक्षा विभाग भी इस मामले में सक्रिय हो गया है। सूत्रों के अनुसार स्कूल प्रशासन से रिपोर्ट मांगी गई है और आरोपी शिक्षक को तुरंत निलंबित करने की प्रक्रिया शुरू हो चुकी है।

अभिभावकों और स्थानीयों में आक्रोश
घटना की खबर फैलते ही मथुरापुर बागान और आसपास के इलाकों में अभिभावकों में भारी आक्रोश व्याप्त है। कई अभिभावकों ने स्कूल के बाहर जमा होकर प्रदर्शन किया और स्कूल प्रबंधन से त्वरित कार्रवाई की मांग की। उन्होंने कहा कि हम हमारे बच्चों को रोज स्कूल भेजते हैं, लेकिन अगर शिक्षक ही इस तरह का व्यवहार करेगा तो हम बच्चों को स्कूल कैसे भेजें? इस घटना से पूरे स्कूल की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं।
अभिभावकों की मुख्य मांगों में आरोपी शिक्षक पर तुरंत मुकदमा दर्ज कर सख्त सजा देने, स्कूल में सभी शिक्षकों की मानसिक स्वास्थ्य जांच करवाने, पीड़ित बच्चों की मनोवैज्ञानिक काउंसलिंग की व्यवस्था करवाने और स्कूल परिसर में सीसीटीवी की निगरानी और सुरक्षा बढ़ाना शामिल है।
स्टूडेंट्स यूनियन ने जिला आयुक्त को ज्ञापन दिया
इस घटना को लेकर असम टी ट्राइब स्टूडेंट्स यूनियन (आटसा) की मथुरापुर शाखा उप समिति के अध्यक्ष गौतम राउ एवं सचिव अभिजीत खोदाल ने चराईदेव जिला आयुक्त को इस मामले में आरोपी शिक्षक के खिलाफ तत्काल कठोर कार्रवाई करने की मांग करते हुए बुधवार को एक ज्ञापन सौंपा है। ज्ञापन में आटसा ने शीघ्र कार्रवाई नहीं होने की सूरत में अभिभावकों और चाय बागान की जनता के साथ स्कूल में ताला बंद करने की चेतावनी दी है।
स्कूल प्रबंधन ने विभागीय अधिकारियों को लिखित शिकायत दी
स्कूल के प्रधान शिक्षक द्वारा किसी कारण से सीसीटीवी कैमरों की फुटेज चेक किए जाने से प्रकाश में आई इस घटना के संदर्भ में प्रधान शिक्षक और स्कूल प्रबंधन समिति के अध्यक्ष ने संयुक्त रूप से एक लिखित शिकायत चराईदेव के डिप्टी इंस्पेक्टर ऑफ स्कूल को देते हुए आरोपी सहायक शिक्षक के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। शिक्षा विभाग ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए ब्लॉक शिक्षा अधिकारी को मामले की जांच करने के आदेश दिए हैं।
पुलिस में दर्ज हुई शिकायत, जांच शुरू
सीसीटीवी फुटेज के आधार पर स्थानीय लोगों, अभिभावकों और छात्र संघ के प्रदर्शन और जिला आयुक्त को ज्ञापन देने के बाद पुलिस मामले को गंभीरता से लेते हुए आरोपी सहायक शिक्षक आरिफुल इस्लाम (51 वर्ष) को गिरफ्तार करते हुए मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि आरोपी शिक्षक आरिफुल इस्लाम के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
चराईदेव जिले में शिक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल
यह घटना चराईदेव जिले में शिक्षा व्यवस्था और शिक्षकों की जवाबदेही को लेकर फिर से सवाल खड़े कर रही है। असम के कई जिलों में स्कूलों में बच्चों के साथ मारपीट और दुर्व्यवहार के मामले पहले भी सामने आ चुके हैं, लेकिन प्राथमिक स्तर पर इस तरह की घटना ने पूरे राज्य में चिंता बढ़ा दी है।




