चेन्नई रोजगार की तलाश में निकले युवक की संदिग्ध मौत ; ओडिशा के निकट रेलवे ट्रैक के पास मिला चराईदेव के बोरहाट क्षेत्र निवासी कृष्ण गोगोई का शव : परिजनों ने जताई हत्या की आशंका, निष्पक्ष जांच की मांग
घर से निकलने के कुछ ही दिनों बाद आई मौत की खबर : क्षेत्र में शोक और आक्रोश का माहौल

चराईदेव, 18 जून : ऊपरी असम के चराईदेव जिले से एक बेहद दुखद और रहस्यमय घटना सामने आई है। रोजगार की तलाश में दक्षिण भारत के चेन्नई के लिए रवाना हुए एक युवक का शव ओडिशा के निकट रेलवे ट्रैक के पास संदिग्ध परिस्थितियों में बरामद होने से पूरे क्षेत्र में सनसनी फैल गई है। मृतक की पहचान चराईदेव जिले के बोरहाट क्षेत्र निवासी कृष्ण गोगोई के रूप में हुई है। घटना के बाद परिवार, रिश्तेदारों और स्थानीय लोगों में गहरा शोक व्याप्त है, वहीं परिजनों ने युवक की हत्या किए जाने की आशंका जताते हुए मामले की निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जांच की मांग की है।

रोजगार की तलाश में चेन्नई के लिए हुआ था रवाना
परिवार से प्राप्त जानकारी के अनुसार कृष्ण गोगोई गत रविवार को रोजगार की तलाश में ट्रेन से चेन्नई के लिए रवाना हुआ था। बेहतर भविष्य और रोजगार की उम्मीद लेकर घर से निकले युवक के परिजनों को विश्वास था कि वह दक्षिण भारत पहुंचकर अपने जीवन को नई दिशा देगा। लेकिन यात्रा के दौरान ही आई एक दुखद खबर ने पूरे परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया।
कृष्ण गोगोई के घर से निकलने के कुछ ही दिनों बाद उसकी मौत की सूचना मिलने से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।
ओडिशा के निकट रेलवे ट्रैक के पास मिला शव
प्रारंभिक जानकारी के अनुसार बुधवार को ओडिशा राज्य के निकट एक रेलवे लाइन के पास कृष्ण गोगोई का शव बरामद किया गया। शव मिलने की सूचना स्थानीय रेलवे पुलिस और प्रशासन को दी गई, जिसके बाद संबंधित एजेंसियों ने मामले की जांच शुरू कर दी।
हालांकि युवक की मौत किन परिस्थितियों में हुई, इसका आधिकारिक खुलासा अभी तक नहीं हो पाया है। पुलिस दुर्घटना, आत्महत्या और आपराधिक षड्यंत्र सहित सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखते हुए जांच कर रही है।
परिजनों ने जताई हत्या की आशंका
मृतक के परिजनों ने घटना को बेहद संदिग्ध बताते हुए स्पष्ट रूप से हत्या की आशंका व्यक्त की है। परिवार का कहना है कि कृष्ण गोगोई पूरी तरह स्वस्थ अवस्था में घर से निकला था और उसके व्यवहार या परिस्थितियों से किसी भी प्रकार की अनहोनी की संभावना नहीं लग रही थी।
परिजनों का आरोप है कि युवक की किसी ने हत्या कर उसके शव को रेलवे ट्रैक के पास फेंक दिया हो सकता है। उनका कहना है कि जब तक विस्तृत जांच नहीं हो जाती, तब तक मौत के वास्तविक कारणों का पता नहीं चल पाएगा।
उच्चस्तरीय जांच की उठी मांग
परिवार के सदस्यों ने मामले की निष्पक्ष और उच्चस्तरीय जांच की मांग करते हुए कहा है कि सच्चाई सामने लाने के लिए सभी पहलुओं की गहन जांच आवश्यक है। उन्होंने जांच एजेंसियों से आग्रह किया है कि युवक के मोबाइल फोन, यात्रा विवरण, अंतिम संपर्क और घटनास्थल से जुड़े सभी साक्ष्यों की वैज्ञानिक तरीके से जांच की जाए।
परिजनों का कहना है कि यदि मामले में किसी प्रकार की आपराधिक साजिश शामिल है, तो दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा मिलनी चाहिए।
क्षेत्र में शोक और आक्रोश का माहौल
कृष्ण गोगोई की मौत की खबर फैलते ही जिले के बोरहाट और आसपास के क्षेत्रों में शोक की लहर दौड़ गई। स्थानीय लोगों ने घटना पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए मृतक के परिवार के प्रति संवेदना प्रकट की है।
साथ ही ग्रामीणों और सामाजिक संगठनों ने घटना की निष्पक्ष जांच तथा दोषियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग की है। लोगों का कहना है कि रोजगार की तलाश में बाहर जाने वाले युवाओं की सुरक्षा एक गंभीर चिंता का विषय बनती जा रही है।
जांच एजेंसियों की रिपोर्ट का इंतजार
फिलहाल स्थानीय पुलिस, रेलवे पुलिस और संबंधित जांच एजेंसियां मामले की जांच में जुटी हुई हैं। अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट, फॉरेंसिक जांच और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि कृष्ण गोगोई की मौत दुर्घटना, आत्महत्या अथवा किसी आपराधिक घटना का परिणाम थी।
परिवार और स्थानीय लोगों की निगाहें अब जांच एजेंसियों की रिपोर्ट पर टिकी हुई हैं। यदि हत्या की आशंका सही साबित होती है, तो यह मामला और भी गंभीर रूप ले सकता है तथा व्यापक जांच की आवश्यकता पड़ सकती है।




