बाढ़ प्रभावित शिवसागर की स्वास्थ्य व्यवस्था को बड़ा संबल, टाइटन कंपनी और ग्राम्य विकास मंच ने सौंपे अत्याधुनिक चिकित्सा उपकरण : CSR पहल के तहत बेबी वार्मर, सेंट्रीफ्यूज मशीन, माइक्रोस्कोप, सक्शन मशीन सहित कई जरूरी उपकरण स्वास्थ्य विभाग को प्रदान : विनाशकारी बाढ़ में जिले के करीब 89 स्वास्थ्य केंद्रों के उपकरण, दस्तावेज और संसाधन हुए थे प्रभावित : जरूरत के आधार पर स्वास्थ्य संस्थानों में होगा वितरण
शिवसागर-चराईदेव में करीब 1000 बाढ़ प्रभावित परिवारों की मदद के बाद अब स्वास्थ्य सेवाओं के पुनरुद्धार में सहयोग

शिवसागर, 2 सितंबर : हालिया विनाशकारी बाढ़ से प्रभावित शिवसागर जिले की स्वास्थ्य व्यवस्था और चिकित्सा संस्थानों के बुनियादी ढांचे को दोबारा मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की गई है। स्वयंसेवी संस्था ‘ग्राम्य विकास मंच’ ने टाटा समूह की प्रमुख कंपनियों में शामिल टाइटन कंपनी लिमिटेड के सहयोग से शिवसागर जिला स्वास्थ्य विभाग को कई अत्यावश्यक एवं आधुनिक चिकित्सा उपकरण उपलब्ध कराए हैं।
टाइटन कंपनी लिमिटेड की कॉरपोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (CSR) पहल के तहत उपलब्ध कराए गए इन उपकरणों का उद्देश्य बाढ़ से प्रभावित अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों में चिकित्सा सुविधाओं को पुनः सुचारु करने के साथ स्वास्थ्य सेवाओं के बुनियादी ढांचे को मजबूत करना है।

संयुक्त निदेशक डॉ. अरुंधती बोरा हजारिका को सौंपे उपकरण
बुधवार को आयोजित कार्यक्रम के दौरान टाइटन कंपनी लिमिटेड के अधिकारियों और ग्राम्य विकास मंच के सदस्यों ने चिकित्सा उपकरण औपचारिक रूप से शिवसागर जिला स्वास्थ्य विभाग की संयुक्त निदेशक डॉ. अरुंधती बोरा हजारिका को सौंपे।
हालिया बाढ़ के दौरान जिले के अनेक स्वास्थ्य संस्थानों में चिकित्सा उपकरणों और अन्य जरूरी संसाधनों को नुकसान पहुंचा था। ऐसे में नए उपकरणों के उपलब्ध होने से प्रभावित स्वास्थ्य केंद्रों को दोबारा पूरी क्षमता से संचालित करने और मरीजों को आवश्यक चिकित्सा सुविधाएं मुहैया कराने में महत्वपूर्ण सहायता मिलने की उम्मीद है।
बेबी वार्मर से माइक्रोस्कोप तक कई जरूरी उपकरण प्रदान
स्वास्थ्य विभाग को उपलब्ध कराई गई सामग्री में मरीजों की प्राथमिक जांच, उपचार, प्रयोगशाला सेवाओं और नवजात शिशुओं की देखभाल के लिए आवश्यक कई महत्वपूर्ण उपकरण शामिल हैं।
इनमें बेबी वार्मर, सेंट्रीफ्यूज मशीन, माइक्रोस्कोप, इलेक्ट्रिक सक्शन मशीन, बीपी एपरेटस, पल्स ऑक्सीमीटर, डिजिटल स्केल, लेजर प्रिंटर और रेफ्रिजरेटर सहित अन्य आवश्यक संसाधन शामिल हैं।
इन उपकरणों के उपलब्ध होने से विशेष रूप से बाढ़ प्रभावित स्वास्थ्य संस्थानों में मरीजों की प्राथमिक जांच, नियमित उपचार, प्रयोगशाला संबंधी कार्य और नवजात शिशुओं की देखभाल जैसी आवश्यक सेवाओं को सुचारु करने में सहायता मिलने की उम्मीद है।

बाढ़ से करीब 89 स्वास्थ्य केंद्र हुए थे प्रभावित
शिवसागर जिले में आई हालिया प्रलयंकारी बाढ़ ने आम जनजीवन, लोगों के घर-बार और आजीविका के साथ स्वास्थ्य क्षेत्र के बुनियादी ढांचे को भी व्यापक रूप से प्रभावित किया था।
उपलब्ध जानकारी के अनुसार जिले के करीब 89 स्वास्थ्य केंद्रों में विभिन्न चिकित्सा उपकरण, जरूरी सामान, दस्तावेज और अन्य संसाधन बाढ़ से प्रभावित अथवा क्षतिग्रस्त हुए थे। कई स्वास्थ्य संस्थानों में पानी घुसने के कारण सामान्य चिकित्सा सेवाएं बनाए रखना स्वास्थ्य विभाग के लिए बड़ी चुनौती बन गया था।
बाढ़ का पानी उतरने के बाद इन संस्थानों में स्वास्थ्य सेवाओं को पूरी क्षमता के साथ बहाल करना एक बड़ी जिम्मेदारी के रूप में सामने आया। इसी परिस्थिति को देखते हुए टाइटन कंपनी लिमिटेड और ग्राम्य विकास मंच की ओर से उपलब्ध कराए गए उपकरणों को स्वास्थ्य क्षेत्र के पुनरुद्धार की दिशा में महत्वपूर्ण सहयोग माना जा रहा है।
जरूरत के आधार पर स्वास्थ्य केंद्रों में भेजे जाएंगे उपकरण
स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक उपलब्ध कराए गए चिकित्सा उपकरणों को संबंधित स्वास्थ्य संस्थानों की आवश्यकता और तैयार की गई सूची के आधार पर विभिन्न अस्पतालों एवं स्वास्थ्य केंद्रों में वितरित किया जाएगा।
इस दौरान उन स्वास्थ्य संस्थानों की आवश्यकताओं को प्राथमिकता मिलने की उम्मीद है, जहां बाढ़ के दौरान चिकित्सा उपकरणों और अन्य संसाधनों को अधिक नुकसान पहुंचा था। इससे प्रभावित इलाकों में स्थानीय स्तर पर स्वास्थ्य सेवाओं को तेजी से सामान्य करने में सहायता मिलेगी।
करीब 1000 बाढ़ प्रभावित परिवारों तक पहले ही पहुंचाई मदद
गौरतलब है कि ग्राम्य विकास मंच बाढ़ के शुरुआती दौर से ही शिवसागर और चराईदेव जिलों में राहत एवं पुनर्वास अभियान चला रहा है। संस्था ने प्रभावित परिवारों की तत्काल जरूरतों को ध्यान में रखते हुए दोनों जिलों में व्यापक स्तर पर सहायता अभियान संचालित किया।
इस अभियान के तहत अब तक करीब 1000 बाढ़ प्रभावित परिवारों को बर्तन, बिस्तर तथा घरेलू जीवन को दोबारा शुरू करने के लिए जरूरी सामग्री उपलब्ध कराई जा चुकी है।
बाढ़ प्रभावित परिवारों को राहत और पुनर्वास सामग्री पहुंचाने के बाद अब संस्था ने सार्वजनिक स्वास्थ्य व्यवस्था के पुनरुद्धार की दिशा में भी सहयोग बढ़ाया है। टाइटन कंपनी लिमिटेड के CSR सहयोग से स्वास्थ्य विभाग को आधुनिक चिकित्सा उपकरण उपलब्ध कराना इसी अभियान की अगली महत्वपूर्ण कड़ी के रूप में सामने आया है।
तत्काल राहत से आगे बढ़कर पुनर्वास पर जोर
बड़ी प्राकृतिक आपदा के बाद प्रभावित लोगों को तत्काल राहत पहुंचाने के साथ स्वास्थ्य, शिक्षा और अन्य आवश्यक सार्वजनिक सेवाओं के क्षतिग्रस्त बुनियादी ढांचे को पुनः स्थापित करना भी पुनर्वास प्रक्रिया का अहम हिस्सा होता है।
इसी दिशा में टाइटन कंपनी लिमिटेड और ग्राम्य विकास मंच की संयुक्त पहल तत्काल राहत से आगे बढ़कर स्वास्थ्य सेवाओं की दीर्घकालिक बहाली में सहयोग का प्रयास है। आधुनिक चिकित्सा उपकरण मिलने से बाढ़ प्रभावित स्वास्थ्य केंद्रों में मरीजों को स्थानीय स्तर पर बेहतर जांच और उपचार उपलब्ध कराने में मदद मिलने की उम्मीद है।
करीब 89 स्वास्थ्य केंद्रों के प्रभावित होने के बाद स्वास्थ्य सेवाओं को सामान्य करने की चुनौती के बीच यह सहयोग शिवसागर जिले की स्वास्थ्य व्यवस्था को दोबारा मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। आवश्यकता के अनुसार उपकरणों को संबंधित स्वास्थ्य संस्थानों तक पहुंचाए जाने के बाद प्रभावित इलाकों में चिकित्सा सेवाओं की बहाली को और गति मिलने की उम्मीद है।




